जिम करने का नया तरीका है पुश-पुल वर्कआउट, मिल रहे हैं फायदेमंद, ये है रूटीन


पुश-पुल वर्कआउट (पुश-पुल वर्कआउट) एक शानदार प्रशिक्षण शैली है, जिसका क्रेज तेजी से बढ़ रहा है। हमारेबीन के मुताबिक, आजकल इंटरनेट पर लोग इस डाइट के बारे में काफी सर्च कर रहे हैं। पुश-पुल कसरत जिम करने का नया तरीका है, जिससे शानदार फायदे मिलते हैं।

यूके की एस्टन यूनिवर्सिटी के अनुसार, अपर बॉडी के लिए पुश पुल वर्कआउट सबसे अच्छा है। यह पैर और कोर मसल्स पर भी बखूबी करार करके मजबूत बनाता है। इस वर्कआउट स्टाइल से सभी मांसपेशियों की दुर्घटनाएं बढ़ जाती हैं।

पुश-पुलवर्क क्या है?

पुश-पुल वर्कआउट को मसल्स के मूवमेंट को ध्यान में रखा गया है। इसमें एक दिन शरीर के ऊपरी हिस्सों की मांसपेशियों को झटका (पुश) देने वाले एक्सरसाइज, दूसरे दिन अपर बॉडी की मांसपेशियों को स्ट्रेच करने वाली एक्सरसाइज और तीसरे दिन लेग व कोर मसल्स के व्यायाम की जाती है।

इन मसालों के लिए लाभ है

पुश-पुल वर्कआउट से ऊपरी शरीर की छाती, कंधे और ट्राइसेप्स मसल्स पर पुशिंग एक्सरसाइज से काम किया जाता है। वहीं, अपर बॉडी की बैक, बाइसेप्स और फोरआर्म्स मसल्स पर पुलिंग एक्सरसाइज से काम लिया जाता है। लेग व वर्कआउट से एब्स-ऑब्लिक्स के साथ पैर के क्वाड्स, हैमस्ट्रिंग, ग्लूट और काल्फ मसल्स को ताकतवर बनाया जाता है।

पुश-पुल्स शानदार का शानदार रूटीन

पुश-पुल वर्कआउट (पुश पुल वर्कआउट रूटीन) को दो रूटीन के साथ किया जा सकता है। पहला वर्कआउट रूटीन नए लोगों के लिए कंफर्टेबल है और दूसरा वर्कआउट रूटीन अनुभवी बॉडीबिल्डर्स और एथलीट के लिए सही है।

  1. पुश-पुल वर्कआउट के पहले कैसे में एक दिन पुश वर्कआउट किया जाता है और फिर एक दिन आराम लिया जाता है। तीसरे दिन पुल वर्कआउट, फिर चौथे दिन आराम, पांचवे दिन लेग और वर्कआउट किया जाता है। इसके अगले दिन आराम करके फिर से रूटीन फॉलो करना होता है।
  2. पुश-पुल वर्कआउट के दूसरे तरीके में पुश, पुल और लेग व वर्कआउट को लगातार तीन दिन करना होता है। इसके बाद एक दिन आराम करके फिर से रूटीन का अनुसरण किया जाता है।

पुश-अप में होते हैं ये व्यायाम

  • सीटेड डंबल शोल्डर प्रेस
  • डंबल इंकलाइन चेस्ट प्रेस
  • बॉडीवेट ट्राइसेप्स डिप्स
  • केबल रोप ट्राइसेप्स पुशडाउन
  • इंकलाइन डंबल चेस्ट
  • डंबल लेटर शोल्डर रेजी

पुलाव के व्यायाम

लेग और वर्कआउट

  • डेडलिफ्ट
  • बारबेल बैक स्क्वाट
  • क्वाड्रीसेप्स लेग एडवेंचर
  • सीटेड हैमस्ट्रिंग लेग कर्ल
  • डंबल स्टैंडिंग काल्फ रेजे
  • हैंगिंग लेग रेगे

पुश-पुल वर्कआउट के फायदे

पुश-पुलवर्क करने से जिम करने वालों को शानदार फायदे (Push-Pul Workout Benefits) मिलते हैं। यह कसरत को भरपूर आराम पाने में मदद करता है। क्योंकि, नॉर्मल स्टाइल में एक मश‍िश पर काम करते हुए भी कई मछलियां काम करती रहती हैं और इन पर ज्यादा प्रेशर पड़ता है।

पुश-पुल वर्कआउट करने का एक फायदा यह भी है कि इसे कोई भी नहीं कर सकता। इसमें अधिकतर पारंपरिक और आसान व्यायाम हैं, जिनकी क्षमता के अनुसार प्रकाश या भारी बनाया जा सकता है।

अस्वीकरण: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

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